आतंकियों को नहीं छोड़ेगी सेना
Posted on: Friday 12 June 2015  

नई दिल्ली. मणिपुर में भारतीय सैनिकों पर हुए हमलों के बाद सेना ने म्यांमार की सीमा में घुसकर कई आतंकियों को न सिर्फ ढेर कर दिया बल्कि उनके ट्रेनिंग कैंप भी तबाह कर दिए। सूत्रों के अनुसार मोदी सरकार ने अब भारतीय सेना को किसी भी देश में ऐसी ही कार्रवाई (तकनीकी भाषा में सर्जिकल स्ट्राइक) के लिए हरी झंडी दे दी है। गुरुवार को गृह मंत्रालय में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में यह फैसला किया गया। सर्जिकल स्ट्राइक के लिए ब्लू प्रिंट तैयार करने का जिम्मा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल को दिया गया है। बैठक में क्या तय हुआ गुरुवार को गृह मंत्रालय में हुई उच्च स्तरीय बैठक में गृह मंत्री, रक्षा मंत्री, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार, खुफिया एजेंसियों के प्रमुख और सेना के आला अधिकारी मौजूद थे। सूत्रों के मुताबिक इसमें तय किया गया कि आतंकियों के खिलाफ हर हाल में जवाबी कार्रवाई की जाएगी। भले ही आतंकी किसी भी देश की सीमा में जा छुपें। अगर आतंकी हमले के बाद दूसरे देश में जाकर शरण लेंगे तो वहां सर्जिकल ऑपरेशन​ किया जाएगा। सबसे ज्यादा आतंकी पीओके (पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर) में शरण लिए हुए हैं। बैठक के बाद एनएसए अजित डोभाल म्यांमार रवाना हो गए। 40 आतंकियों ने की पूर्वोत्तर में घुसपैठ म्यांमार में सेना की कार्रवाई का बदला लेने के लिए नॉर्थईस्ट राज्यों में 30 से 40 आतंकियों के घुसने की खुफिया सूचना है। अरुणाचल, मणिपुर, नगालैंड और मिजोरम में हाई अलर्ट जारी किया गया है। दो दिन के बयान-वार के मायने क्या? मंत्रियों ने क्यों दिए बयान? : भारत चाहता था कि बिना कहे पाक दुनिया को बता दे कि अगला लक्ष्य वही है। इसीलिए दो दिन में रक्षामंत्री समेत 4 मंत्रियों ने आक्रामक बयानबाजी की। तो क्या पाक इसमें फंस गया? : हां। वहां के रक्षामंत्री से लेकर गृहमंत्री, सेना प्रमुख, पूर्व सेना प्रमुख, विपक्षी नेता और संसद तक ने ये मान लिया कि भारत का अगला लक्ष्य पाकिस्तान है। आगे पढ़ें: भास्कर एक्सपर्ट की राय, इस एक्शन से चीन की चाल को झटका.........

 

 
 












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