अनवर चौहान
केरल में ईडी की छापेमारी के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के तिरुवनंतपुरम स्थित घर के बाहर माकपा समर्थकों ने जोरदार प्रदर्शन किया, जिसमें पुलिस और जांच एजेंसी की गाड़ियों पर भी हमला हुआ। पार्टी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्ष को दबाने के लिए कर रही है। तिरुवनंतपुरम में पूर्व मुख्यमंत्री और मौजूदा नेता प्रतिपक्ष पिनाराई विजयन के आवास के बाहर उस वक्त भारी हंगामा मच गया, जब सीपीआई(एम) कार्यकर्ताओं ने ईडी अधिकारियों की गाड़ी पर हमला कर दिया। ये कार्यकर्ता केंद्रीय एजेंसी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। `कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड` (सीएमआरएल) मामले में केरल के 10 ठिकानों पर एजेंसी द्वारा तलाशी अभियान चलाया गया था। तिरुवनंतपुरम में भीड़ को नियंत्रित करने के दौरान एक पुलिसकर्मी घायल हो गया है
पुलिस और ईडी के अधिकारियों पर हमला
प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई के दौरान बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के बेकरी जंक्शन स्थित किराए के आवास के बाहर जमकर हंगामा हुआ। जानकारी के मुताबिक ईडी अधिकारियों ने पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन के आवास पर छापा पूरा कर लिया था और जब वे वहां से निकल रहे थे, तोपार्टी कार्यकर्ताओं ने उनके वाहनों को रोक दिया। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया। आरोप है कि काफिला निकलने से पहले सीपीआई (एम) के कार्यकर्ताओं ने ईडी के तीन वाहनों को नुकसान पहुंचाया और उन पर पत्थर फेंके। इस बीच जैसे-तैसे ईडी के अधिकारी केरल के पूर्व मुख्यमंत्री और सीपीआई (एम) नेता पिनाराई विजयन के आवास से रवाना हुए।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, बुधवार सुबह ईडी की तलाशी शुरू होने के बाद से ही पिनराई विजयन और उनके परिवार के सदस्य घर के अंदर मौजूद थे। तलाशी अभियान के बीच बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता आवास के बाहर जमा हो गए और केंद्र की भाजपा नीत सरकार तथा ईडी के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने मुख्य गेट के जरिए परिसर में घुसने की भी कोशिश की, जिससे मौके पर तनाव बढ़ गया। ईडी ने कई जगहों पर ली तलाशी
ईडी ने केरल में जांच के तहत कई जगहों पर तलाशी ली है, जिनमें पिनाराई विजयन, उनकी बेटी वीणा विजयन और राज्य के पूर्व मंत्री व दामाद पीए मोहम्मद रियास के घर शामिल हैं। इन तलाशी अभियानों ने तुरंत ही एक राजनीतिक विवाद का रूप ले लिया, जिसमें सत्ता पक्ष और विपक्ष एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने लगे। सीपीआई (एम) के महासचिव एमए बेबी ने इन छापों की कड़ी निंदा की और आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा सरकार जांच एजेंसियों के ज़रिए विपक्षी नेताओं को निशाना बना रही है। एक बयान में, पार्टी ने कहा कि इन छापों का मकसद विजयन और सीपीआई (एम) को डराना है।
विजयन ने राहुल गांधी पर साधा निशाना
वहीं, ईडी की तलाशी के मामले में केरल के पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष पिनराई विजयन ने मीडिया से कहा कि काफी समय से ईडी मेरे घर पर तलाशी लेना चाहती थी। मुझे लगता है कि इस तलाशी से कुछ लोगों को खासकर राहुल गांधी जैसे किसी व्यक्ति को बहुत संतुष्टि मिलेगी। राहुल गांधी ने प्रचार के दौरान यही सवाल पूछा था कि पिनाराई विजयन के घर पर छापा क्यों नहीं मारा जा रहा है और पिनाराई विजयन को गिरफ्तार क्यों नहीं किया जा रहा है। भाजपा सरकार देश में विपक्षी नेताओं पर हमेशा से जानबूझकर हमले करती रही है। इसके खिलाफ पूरे देश में जोरदार विरोध प्रदर्शन हुए हैं।
विजयन ने कहा कि कांग्रेस का रुख यह है कि उनकी अपनी पार्टी को छोड़कर बाकी पार्टियों के खिलाफ ईडी की दखलंदाजी जारी रहनी चाहिए। इनमें से कोई भी चीज हमें खत्म नहीं कर पाएगी। हम इसे सिर्फ एक शुरुआत के तौर पर देखते हैं। किसी को भी यह नहीं सोचना चाहिए कि ऐसे कदमों से हमारा नामोनिशान मिटाया जा सकता है। यहां स्थानीय लोगों और पार्टी के साथियों की भावनाएं जाहिर हुईं। जब भी दुश्मनों ने मुझ पर हमला करने की तैयारी की, तो मुझे पार्टी का मजबूत साथ मिला। आज साथियों ने यह साबित कर दिया है कि उस साथ में कोई कमी नहीं आई है और यही हमारी ताकत है। हम सब मिलकर किसी भी चुनौती का सामना करने के लिए तैयार हैं।